उद्यमियों की उम्मीदों को नहीं लग पा रहे पंख

महराजगंज:लॉकडाउनतोखुलगयाहै,लेकिनलंबीअवधिसेबंदउद्योगनतोपटरीपरआपारहेहैं,औरनहीनएउद्यमियोंकेउम्मीदोंकोपंखहीलगपारहेहैं।देखाजाएतोकोरोनाकालकेसंकटनेउद्योगऔरउद्यमियोंदोनोंकीहीकमरतोड़दीहै।बाहरसेलौटेप्रवासियोंकेलिएसरकारनेउद्योगलगानेकेलिएऋणउपलब्धकरानेकाआश्वासनतोदिया,लेकिनआश्वासनधरातलपरनहींआसका।ऐसेमेंकोरोनाप्रभावितउद्योगोंकोअबसीधेतौरपरअंदरूनीइलाजकीदरकारहै।

जिलाउद्योगविभागकेआंकड़ोंकेअनुसारलॉकडाउनकेबादजिलाउद्योगकार्यालयमेंउद्योगऋणकेलिएकुल297लोगोंनेऋणकेलिएआवेदनकियाहै।जिसमेंसेकरीब40सेअधिकउद्यमियोंकीफाइलबैंकोंकोप्रेषितकरदीगईहैपरअभीतकएकभीप्रवासीकोऋणनहींमिलसका।

आर्यापाठक,रुधौलीभावचकनेकहाकिसबसेबड़ीसमस्यापूंजीकीआरहीहै।उत्पादनकीडिलीवरीकाजोपैसापार्टियोंसेमिलनाथा,वहअटकगयाहै।हरपार्टीआर्थिकतंगीकारोनारोरहीहै।जिनउद्यमियोंनेकच्चेमालकाप्रबंधकरलिया,उन्हेंनएऑर्डरनहींमिलरहे।

आशुतोषजायसवाल,महराजगंजनेकहाकिउद्योग-धंधेइसवक्तबहुतबुरेदौरसेगुजररहेहैं।जबतकसरकारकीमददनहींमिलेगी,स्थितिमेंसुधारसंभवनहींहै।सरकारकेआदेशोंकेअनुसारसभीप्रवासियोंकोऋणदिएजानेकीयोजनाहैपरबैंकोंकीमनमानीसेयोजनापरवाननहींचढ़पारहीहै।