सेवानिवृत्ति के बाद पढ़ा रहे लालच में वोट न देने का पाठ

गजरौला:खंडविकासक्षेत्रकेगांवनगलामाफीकेचंद्रपालसिंहमेरठकेराजकीयइंटरकालेजसेसेवानिवृत्तअध्यापकहैं।सेवानिवृत्तहोनेकेबादआरामकरनेकेबजाएअबबड़ोंकोपाठपढ़ारहेहैं।समझातेहैंनशानहींकरनाचाहिए।लालचमेंआकरवोटनहींदेनेचाहिए।वहींवहपंचायतचुनावमेंमैदानमेंउतरनेवालोंसेबातकरकेउन्हेंचुनावमेंशराबइत्यादिकाप्रलोभनदेकरमतदाताओंकोरिझानेकेप्रयासनकरनेकोभीप्रेरितकरतेहैं।बीसगांवोंकेलोगउन्हेंलिखकरभीदेचुकेहैं।

रिटायरअध्यापकचंद्रपालसिंहकाकाफीसमयमेरठमेंबीता।वहवहांराजकीयइंटरकालेजमेंबतौरसहायकअध्यापकतैनातथे।रिटायरहोनेकेबादयहांआगए।जुलाई20मेंमेरठकेदोहटाब्लाककेगांवडूंगरमेंहादसाहुआथा।शराबपीनेसेकईलोगोंकीजानचलीगई।मीडियामेंआईखबरोंकोपढ़करउनकोगहराधक्कालगाकिआजभीहमारेसमाजमेंकितनीकुरीतियांहैंकिशराबकेसेवनसेलोगोंकीजिदगीजारहीहै।इसकोलेकरउनकेमनमेंजागरूकताकीमुहिमछेड़नेकाख्यालआया।

इसेपूराकरनेकेलिएवहपहलेअसलियतजाननेवविस्तृतजानकारीकरनेकेलिएमेरठकेसंबंधितगांवगए।लोगोंसेमिलकरउन्हेंलगाजीवनखालीबैठकरगुजारनेकेबजाएसमाजहितमेंकामकियाजाए।इसकेबादउन्होंनेगांव-गांवघूमकरशराबकासेवननहींकरनेकाअभियानशुरूकरदिया।चूंकिनिकटभविष्यमेंपंचायतचुनावभीप्रस्तावितहै।गांवोंमेंइसकोलेकरमाहौलभीबनरहाहै।लिहाजारिटायरअध्यापकचंद्रपालसिंहनेगांवोंमेंगांवकेप्रधानोंवइसपदकेलिएदावेदारीमेंजुटेलोगोंसेसंपर्कस्थापितकरनाआरंभकरदिया।इसदौरानवहसभीकोजागरूकताकापाठपढ़ातेहुएकहतेहैंकिशराबकासेवननहींकरनाचाहिए।खासतौरवोटदेनेववोटलेनेकेलिएतोकतईशराबसेबचनाचाहिए।चूंकिशराबकेसहारेचुनावजीतनेवालेविकासकेवादेभूलजातेहैं।वहतिकड़मबाजीसेअपनाचुनावीखर्चपूराकरनेमेंजुटजातेहैं।मतदाताअपनीसमस्याओंकेनिदानकोभटकनेलगतेहैं।

इसीतरहवहमिठाई,धनकेप्रलोभनसेभीबचनेकीसलाहदेतेहुएकहतेहैंकिहमेंअच्छीऔरसकारात्मकसोचकोसमझकरहीवोटदेनेकाफैसलाकरनाचाहिए।चुनावमेंइसीसोचकेसाथमैदानमेंउतरनेकापाठपढ़ारहेहैं।इसतरहवहग्रामअहरौलातेजवन,सलेमपुरगौसाई,कुमरालाबहादुरपुर,अफजलपुरलूट,खादगूजर,ढ़कियाभूड,छोयासमेतबीचसेअधिकगांवोंमेंसंपर्ककरदावेदारोंवग्रामीणोंकोअपनासंदेशपहुंचाचुकेहैं।वहबतातेहैंकिकईलोगोंनेउनकीमुहिमसेप्रभावितहोकरसराहनाकरतेहुएचुनावमेंइसकाध्यानरखनेकाआश्वासनदियाहै