जुगसलाई के बलदीप ने पुश-अप में बनाया व‌र्ल्ड रिकार्ड

जासं,जमशेदपुर:एकओरकोरोनामेंयुवापढ़ाई-लिखाई,खेलकूदवजिमबंदहोनेसेबेचैनथे,वहींजुगसलाईकेयुवकनेलॉकडाउनकेदौरानघरपरहीप्रैक्टिसकरकेपुश-अपमेंव‌र्ल्डरिकार्डकाखिताबभीहासिलकरलिया।फिलीपींसमेंएमबीबीएसद्वितीयवर्षकीपढ़ाईकररहाबलदीपलॉकडाउनमेंअपनेघरआगयाथा।बलदीपकोयोग-जिममेंपहलेसेरुचिथी,लिहाजाइसीकेसहारेसमयबीतनेलगा।इसीबीचबलदीपनेइंटरनेशनलबुकऑफव‌र्ल्डरिकार्डकीवेबसाइटपरवीडियोइंट्रीभेजी,जिसमेंउन्होंनेएकमिनटमें31बारसाइडजंपकियाथा।11नवंबरकोइंटरनेशनलबुकसेव‌र्ल्डरिकार्डकासर्टिफिकेटआगया।बलदीपनेबतायाकिइसतरहकेइवेंटमेंइससेपहलेकिसीकारिकार्डनहींहै।जुगसलाईकेनयाबाजारनिवासीबलदीपकोइससेपहलेभीजिम-योगामेंकईमेडल,मेमेंटो,प्रशस्तिपत्रमिलचुकेहैं।बलदीपनेधतकीडीहस्थितजेएचतारापोरसेप्लसटूकियाहै।

आर्थिकपरेशानियोंसेजूझतेहुएबनीस्टेटटॉपर,दिल्लीविविमेंमिलगयादाखिला

कदमाकीरहनेवालीनंदिताहरिपालनेजैकबोर्डकीइंटरकीपरीक्षाआर्थिकपरेशानियोंसेजूझतेहुएस्टेटटापरबनीहै।उसकीइच्छाआइएएसबननेकीहै।इसकारणउसनेदिल्लीविश्वविद्यालयमेंपॉलिटिकलसाइंसआनर्समेंएडमिशनकेलिएआवेदनदिया।स्टेटटापरबननेकेबादमुख्यमंत्रीनेउसेतीनलाखकीपुरस्कारराशिकाचेकप्रदानकिया।इसछात्राकीमददझारखंडपुलिसएसोसिएशनभीकररहीहै।दिल्लीविश्वविद्यालयमेंइसछात्राकानामांकनभीहोगयाहै।पुरस्कारप्राप्तकरनेवालीनंदिताकीमांरश्मिहरिपालदूसरेकेघरोंमेंबर्तनमांजनेकाकार्यकररहीहै।उसकेपिताराजेशहरिपालपेशेसेदर्जीहैं।दोनोंकीकमाईसेउनकाघरचलताहै।नंदिताकेघरमेंछोटीबहननंदिनीवभाईनवीनहरिपालडीबीएमएसकदमास्कूलमेंपढ़रहेहैं।बकौलनंदितानेबतायाकिजोभीपुरस्कारराशिउसेप्राप्तहोगी,उसेवहअपनीपढ़ाईपरहीखर्चकरेगी।दिल्लीमेंवहयूपीएससीकीकोचिगभीकरनाचाहतीहै।इसकेलिएवहप्रयासरतहै।वहचाहतीहैकिमाता-पिताउसेजिसकठिनाईसेपढ़ारहेहैं,उनकीकठिनाईदूरकरसकूं।नंदितानेइंटरकीपरीक्षाजमशेदपुरवीमेंसकालेजसेदीथी।

गांवकाबेटाबनाभारतीयविदेशसेवाकापदाधिकारी

धालभूमगढ़प्रखंडकेकनासपंचायतकेमुखियापूर्णचंद्रसिंहकाबेटाशांतनुकुमारसिंहनेअपनीमेहनतसेआजभारतीयविदेशसेवामेंनईदिल्लीमेंतैनातहै।इसीवर्षउन्हेंभारतीयविदेशसेवाकीनौकरीप्राप्तहुईहै।प्रखंडकेछवड़ियाग्रामनिवासीशांतनुकुमारसिंहनेदूसरेप्रयासमेंयूपीएससीकीपरीक्षाउत्तीर्णकीहै।उसेअखिलभारतीयस्तरपर654वांरैंकप्राप्तहुआथा।इससेपूर्ववहछठीजेपीएससीकीमुख्यपरीक्षामेंभीउत्तीर्णहुआथा।अबजामताड़ामेंप्रशिक्षुबीडीओकेरूपमेंनियुक्तिहुई।शांतनुनेअपनीप्रारंभिकशिक्षाजमशेदपुरकेछोटागोविदपुरस्थितविगइंग्लिशस्कूलसेकीहै।इसकेबादप्लसटूतककीपढ़ाईसैनिकस्कूलभुवनेश्वरसेपूरीकी।स्नातककीपढ़ाईकरनेदिल्लीचलेगए,जहांशहीदभगतसिंहइवनिगकॉलेजसेउन्होंनेप्रथमश्रेणीसेस्नातककीपरीक्षापासकी।इसकेबाददिल्लीस्कूलऑफइकोनोमिक्ससेएमएकीपढ़ाईपूरीकी।शांतनुनेकहाकिगांवकाबच्चाकभीयूपीएससीकीपरीक्षाउत्तीर्णनहींकरसकता,इसमिथककोवेतोड़नाचाहतेथे।इसमेंवेकामयाबहुए।अबगांवकेयुवायूपीएससीकीतैयारीकरनाचाहतेहैं।वेइसमेंसहयोगभीकरेंगे।गांवमेंरहकरपढ़ाईकैसेहोतीहै,यहउनसेअच्छाकोईनहींजानता।उन्होंनेभीसंघर्षकरतेहुएअपनीपढ़ाईपूरीकी।गांवकेलोगोंकोशहरोंमेंहेय²ष्टिसेदेखाजाताहै।