हड़ताल में शामिल होकर राष्ट्रहित की नहीं करें अनदेखी

संवादसहयोगी,चितरा:सारठसेभाजपाविधायकरणधीरसिंहनेमंगलवारकोचितरावर्कशॉपमेंकोयलाकामगारोंकोसंबोधितकरतेहुएकहाकिकोलइंडियाकीएकभीखदानकोकेंद्रसरकारकॉमर्शियलमाइनिगकेलिएनीलामनहींकररहीहै।कहाकिअगरकोईसाबितकरदेकिकेंद्रसरकारकोयलाकर्मियोंकारोजी-रोटीछीनकरचालूखदानोंकानीलामीकररहीहैतोवेतत्कालराजनीतिसेसंन्यासलेलेंगे।कहाकिकोलइंडिया700मिलियनमीट्रिकटनकोयलेकाउत्पादनकरतीहै।756मिलियनमीट्रिकटनकोयलेकाआयातविदेशोंसेकरनापड़ताहैताकिऊर्जाकीजरूरतेंपूरीहोसके।विदेशीकोयलापरनिर्भरताखत्मकरनेकेलिएहीकेंद्रसरकारबंदपड़ेखदानोंकीनीलामीकररहीहै।

विधायकनेकहाकितत्कालीनमनमोहनसरकारनेबंदपड़ेखदानोंकीनीलामीकीथी।उन्हींबंदपड़ेखदानोंकोवर्तमानकेंद्रसरकारनीलामकरनेजारहीहै।इससेनातोकोयलाउद्योगऔरनाहीकोयलाकर्मियोंकीरोजीरोजगारपरकोईफर्कपड़ेगा।वामपंथीविचारधाराऔरकांग्रेसनीतिपरचलनेवालेश्रमसंगठनोंकेझांसेमेंआकरदेशविरोधीशक्तियोंकीयहप्रस्तावितहड़तालहै।इसेहरहालमेंनाकामकरनाचाहिए।प्रस्तावितहड़तालराष्ट्रहितकेखिलाफहै।

उधरमजदूरोंनेभीइसहड़तालकेखिलाफकामपरआनेकीबातेंकही।महेंद्रप्रसादराणा,अरुणकुमारमहतो,गुरुदेवभंडारी,अभिषेककुमार,हरिकिशोरकोल,कृष्णामहतोसमेतश्रमसंगठनकेनेताभीइसहड़तालकेपक्षमेंनहींहैं।मौकेपरसुधीरकुमारसिंह,बलराममंडल,सतीशमहतो,धर्मेंद्रराय,सुकुमारमंडलसमेतअन्यप्रमुखरूपसेमौजूदथे।